गणतंत्र दिवस परेड में सीतामढ़ी के कमरुल जमां ब्रह्मोस मिसाइल दस्ते को लीड करेंगे.
सीतामढ़ी: इस गणतंत्र दिवस पर नई दिल्ली के राजपथ पर होने वाली परेड में ब्रह्मोस मिसाइल दस्ते का नेतृत्व बिहार (सीतामढ़ी) के मूल निवासी कैप्टन मो. कमरुल जमां करेंगे। दुनिया भर में अपनी मारक क्षमता के लिए मशहूर ब्रह्मोस मिसाइल सिस्टम को लीड कर कैप्टन जमां बिहार का नाम देश भर में रोशन करेंगे।
इंडियन मिलिट्री एकेडमी से 2018 में पास आउट होने के बाद वह अभी भारतीय सेना में कैप्टन के पद पर हैं। इन दिनों थल सेना की मिसाइल रेजिमेंट में तैनात हैं।
कौन है कमरुल जमां
कमरुल जमां सीतामढ़ी जिले के राजा नगर तलखापुर गांव के रहने वाले हैं। उनके पिता का नाम गुलाम मुस्तफा खान है जो सीतामढ़ी में ही बिजनेसमैन हैं। स्कूली शिक्षा सीतामढ़ी उच्च विद्यालय से ही किया।
आवाज से तीन गुना अधिक है ब्रह्मोस की गति
कैप्टन जमां ने बताया कि ब्रह्मोस मिसाइल सिस्टम दुनिया का पहला सुपर सोनिक क्रूज मिसाइल है। इसकी रेंज 400 किलोमीटर तक है जो तीव्र गति के साथ दुश्मन को निशाना बना सकती हैं। यह दुनिया के सबसे घातक और शक्तिशाली हथियायों में से एक है जो भारत के पास हैं। इसे भारत और रूस ने मिलकर बनाया हैं। इसकी गति आवाज से तीन गुनी अधिक हैं।
Input:sitamarhi.org



